राजस्थान कानूनी अधिकार एवं
नागरिक विधिक सहायता पोर्टल
जमीन-जायदाद, नामांतरण (दाखिल-खारिज), किराया कानून, वैवाहिक विवाद, उपभोक्ता संरक्षण, साइबर फ्रॉड, पुलिस एफआईआर और वरिष्ठ नागरिकों के 100 महत्वपूर्ण कानूनी अधिकारों की संपूर्ण, सरल व प्रामाणिक जानकारी।
क्या आपका कोई कानूनी विवाद है?
जमीन, वसीयत, चेक बाउंस, पुलिस केस, तलाक या पारिवारिक विवाद में सीधे हाई कोर्ट के अधिवक्ता से परामर्श लें।
WhatsApp पर संपर्क करेंपारिवारिक समझौता विलेख (Family Settlement): बिना मुकदमेबाजी संपत्ति बंटवारा व नियम
घर-परिवार के बुजुर्गों की मौजूदगी में शांतिपूर्ण समझौता, मौखिक समझौते का मेमोरेंडम और अदालत में पारिवारिक व्यवस्था की कानूनी मान्यता।
पार्टिशन डीड (बंटवारानामा) क्या है? पारिवारिक संपत्ति विभाजन में इसकी कानूनी महत्ता
पंजीकृत बंटवारानामा के माध्यम से संपत्ति का स्थाई कानूनी विभाजन, सीमाओं का स्पष्ट सीमांकन और भविष्य के मुकदमों से स्थायी मुक्ति।
क्या कोई एक वारिस संयुक्त पैतृक संपत्ति को बिना सहमति बेच सकता है? कानूनी प्रावधान
अविभाजित संयुक्त संपत्ति में केवल अपने काल्पनिक अंश का विक्रय, सह-स्वामियों के हक शफा (Right of Pre-emption) और अवैध बिक्री पर स्टे ऑर्डर।
जब कई कानूनी वारिसों में संपत्ति को लेकर विवाद हो तो क्या करें? बंटवारा वाद प्रक्रिया
आपसी असहमति पर सिविल जज या एसडीएम कोर्ट में बंटवारा वाद (Suit for Partition), कोर्ट कमिश्नर द्वारा मौका निरीक्षण और नीलामी द्वारा हिस्सा वितरण।
वसीयत (Will) के आधार पर संपत्ति का ट्रांसफर कैसे होता है? कानूनी प्रक्रिया व जांच
वसीयत के निष्पादक द्वारा नामांतरण दर्ज कराना, अन्य वारिसों को नोटिस, वसीयत पर आपत्ति होने पर सिविल कोर्ट में साबित करने के नियम।
संपत्ति मालिक की मृत्यु के बाद मकान/जमीन अपने नाम कैसे करवाएं: फौती नामांतरण प्रक्रिया
मृत्यु प्रमाण पत्र, वारिस प्रमाण पत्र, ई-धरती नामांतरण (Fauti Inteqal), म्यूनिसिपल रिकॉर्ड में नाम दर्ज कराने और बिजली-पानी मीटर ट्रांसफर गाइड।
किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद कानूनी वारिसों का निर्धारण कैसे होता है? वंशावली व पड़ताल
राजस्व वंशावली (Family Tree/Pedigree), पटवारी मौका रिपोर्ट, सार्वजनिक आपत्ति विज्ञप्ति और क्लास-1 व क्लास-2 वारिसों का कानूनी वर्गीकरण।
लीगल हायर सर्टिफिकेट (वारिसाना प्रमाण पत्र) क्या है और इसे कैसे बनवाएं: राजस्थान गाइड
तहसीलदार/एसडीएम कार्यालय से वारिस प्रमाण पत्र बनवाने, पारिवारिक पेंशन, अनुकंपा नियुक्ति और सेवा लाभ प्राप्त करने के नियम।
प्रोबेट बनाम उत्तराधिकार प्रमाण पत्र: दोनों में अंतर और अदालत से कैसे प्राप्त करें
वसीयत के प्रमाणीकरण (Probate of Will) और बिना वसीयत चल संपत्ति हेतु सक्सेशन सर्टिफिकेट में कानूनी अंतर, कोर्ट फीस और अधिकार क्षेत्र।
उत्तराधिकार प्रमाण पत्र (Succession Certificate) की आवश्यकता कब और कहां पड़ती है?
बिना नॉमिनी बैंक खातों, प्रोविडेंट फंड, ग्रेच्युटी विवाद, सरकारी बकाया वसूली और अदालत से सर्टिफिकेट जारी कराने के प्रमुख आधार।
उत्तराधिकार प्रमाण पत्र (Succession Certificate) क्या है? बैंक बैलेंस व शेयर ट्रांसफर नियम
मृतक के चल संपत्ति (बैंक खाते, एफडी, शेयर, बीमा राशि) के कानूनी हस्तांतरण हेतु सिविल कोर्ट से सक्सेशन सर्टिफिकेट पाने की पूरी प्रक्रिया।
गोद लिए बच्चे (Adopted Child) के संपत्ति में कानूनी अधिकार: हिंदू दत्तक ग्रहण अधिनियम
दत्तक पुत्र या पुत्री का दत्तक माता-पिता की संपत्ति में जैविक संतान के समान अधिकार और जन्म देने वाले परिवार से संपत्ति संबंध विच्छेद।