देश की 3 करोड़ ग्रामीण महिलाओं को लखपति बनाकर आत्मनिर्भर बनाने के लिए केंद्र सरकार की व्यापक पहल।
📌 मुख्य बिंदु व विशेषताएं (Key Highlights)
- महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को बिजनेस लोन।
- ड्रोन पायलट, एलईडी बल्ब निर्माण, जैविक खेती व डेयरी की ट्रेनिंग।
- बाजार तक पहुंच (Market Linkage) और पैकेजिंग में सरकारी सहयोग।
1. योजना से जुड़ने के चरण
- नजदीकी महिला स्वयं सहायता समूह (SHG) की सदस्य बनें।
- ग्राम संगठन में बिजनेस प्लान जमा करें।
- कौशल विकास केंद्र से मुफ्त प्रशिक्षण प्राप्त करें।
किसी भी कानूनी, दस्तावेजी या जमीनी समस्या के लिए विशेषज्ञ विधिक राय लें
जमीन विवाद, नामांतरण (दाखिल-खारिज), अवैध कब्जा, पुलिस शिकायत, एफआईआर, चेक बाउंस, बैंक खाता फ्रीज या कोर्ट केस में एडवोकेट संजय यादव से सही कानूनी मार्गदर्शन और सटीक समाधान प्राप्त करें।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Q: लखपति दीदी किसे माना जाता है?
A: जिस महिला की स्थायी वार्षिक आय कम से कम ₹1 लाख (₹8,333 मासिक) हो।