घरेलू हिंसा अधिनियम केवल विवाहित महिलाओं के लिए ही नहीं, बल्कि मां, बहन और लिव-इन पार्टनर की सुरक्षा के लिए भी लागू होता है।
📌 मुख्य बिंदु व विशेषताएं (Key Highlights)
- साझा घर में बिना डर के रहने का कानूनी अधिकार (Right to Residence)।
- मासिक भरण-पोषण और बच्चों के संरक्षण (Custody) का आदेश।
- प्रोटेक्शन ऑफिसर और महिला हेल्पलाइन 181 की मुफ्त सहायता।
1. घरेलू हिंसा में मिलने वाली राहतें
- सुरक्षा आदेश (Protection Orders)
- निवास आदेश (Residence Orders)
- आर्थिक राहत और मुआवजा (Monetary Relief)
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❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Q: घरेलू हिंसा की शिकायत कहां दर्ज कराएं?
A: नजदीकी थाने, प्रोटेक्शन ऑफिसर, महिला हेल्पलाइन 181 या सीधे मजिस्ट्रेट कोर्ट में।